IND vs WI: बस ड्राइवर के बेटे ने टीम इंडिया के नेट्स में मचाई सनसनी, स्टार बल्लेबाजों को छकाया, संजू से मिली शाबाशी
Punjab News Live -PNL
October 9, 2026
ताजा खबर, स्पोर्ट्स
स्पोर्ट्स , (PNL) : भारत और वेस्टइंडीज के बीच दूसरे टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला रांची के JSCA इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जाएगा. इससे पहले भारतीय टीम के प्रैक्टिस सेशन में जमकर पसीना बहाया. इस दौरान एक खास पल भी देखने को मिला. जब टीम इंडिया के दिग्गज बल्लेबाज छक्के जड़ने की प्रैक्टिस में जुटे थे, तब 24 साल के स्थानीय तेज गेंदबाज राजनदीप सिंह ने नेट्स में अपनी धारदार गेंदबाजी से भारतीय बल्लेबाजों को खूब छकाया.
नेट्स सेशन में राजनदीप सिंह
राजनदीप ने नेट्स में ईशान किशन, संजू सैमसन, तिलक वर्मा और युवा सनसनी 15 साल के वैभव सूर्यवंशी के खिलाफ पूरे कंट्रोल और आत्मविश्वास के साथ गेंदबाजी की. कई मौकों पर उन्होंने बल्लेबाजों को बीट किया और बाहरी किनारे निकाले, जिसके बाद सीनियर खिलाड़ियों ने उनकी खुलकर तारीफ की.
भारतीय ड्रेसिंग रूम के बड़े चेहरों के सामने गेंदबाजी करने के अनुभव को शेयर करते हुए राजनदीप ने पीटीआई को बताया, ‘मुझे सीनियर खिलाड़ियों को गेंदबाजी करने का मौका मिला. इससे समझ आया कि मुझे किन अहम पहलुओं पर काम करना है और क्या सुधार करना चाहिए. यहां यह भी सीखने को मिला कि आप जरा भी ढीली गेंद नहीं फेंक सकते. संजू सर और बाकी बल्लेबाजों ने कहा कि मैं बहुत अच्छी गेंदबाजी कर रहा हूं.’
कौन हैं राजनदीप सिंह?
राजनदीप के पिता कुलवंत सिंह पंजाब के जालंधर में एक स्कूल बस चलाते हैं. क्रिकेट पर पूरा ध्यान लगाने के लिए उन्होंने 12वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी. साल 2016 में जब परिवार भारी तंगी से जूझ रहा था, तब वो क्रिकेट छोड़ने की कगार पर पहुंच गए थे. हालांकि, उन्होंने एक साल का वक्त मांगा और झारखंड अंडर-16 टीम में जगह बनाकर अपनी जगह पक्की की. फिर दादी के निधन और आर्थिक तंगी के कारण उनका परिवार वापस जालंधर लौट गया, लेकिन राजनदीप ने अपने सपने को पूरा करने के लिए झारखंड में ही रुकने का फैसला किया. अब दो से तीन आईपीएल फ्रेंचाइजियों ने उन्हें ट्रायल्स के लिए बुलाया है.
सीके नायडू में 400 रनों की पारी
झारखंड की क्रिकेट नर्सरी से निकले राजनदीप सिर्फ गेंदबाजी ही नहीं, बल्कि बल्लेबाजी में भी माहिर हैं. सीके नायडू ट्रॉफी में उन्होंने मेघालय के खिलाफ 387 गेंदों पर नाबाद 400 रनों की हैरतअंगेज पारी खेलकर पूरे देश के स्काउट्स का ध्यान खींचा था. इसके अलावा वो ईशान किशन की कप्तानी में सैयद मुश्ताक अली का खिताब जीतने वाली झारखंड टीम का अहम हिस्सा थे. पंजाब के खिलाफ 235 रनों के टारगेट वाले मैच में उन्होंने 4 ओवर में सिर्फ 30 रन देकर 1 विकेट लिया था. उस टूर्नामेंट में उन्होंने 8 मैचों में 5 विकेट लेने के साथ 7 पारियों में 40 की औसत और 186+ के स्ट्राइक रेट से 200 रन बनाए थे.
इसके अलावा झारखंड प्रीमियर लीग में भी उन्होंने 8 मैचों में 8 विकेट झटके थे. राजनदीप सिंह धोनी को अपना सबसे बड़ा आदर्श मानते हैं और कहते हैं कि मैदान पर स्थिति को संभालने का हुनर वे माही से ही सीखते हैं. राज्य टीम के कप्तान ईशान किशन को वो अपना मार्गदर्शक मानते हैं.