न्यूज डेस्क, (PNL) : पंजाबी सिंगर और एक्टर दिलजीत दोसांझ के 31 मई की रात टोरंटो कॉन्सर्ट में खालिस्तानी झंडे लेकर पहुंच गए। कनाडा के टोरंटो स्थित फेमस रॉजर्स सेंटर स्टेडियम में शो के बीच कुछ दर्शकों ने खालिस्तानी झंडे लहराए और शो को खराब करने की कोशिश की।घटना पर इस बार पहले से तैयार पुलिस टीम ने भीड़ में घुसकर खालिस्तानियों को धक्के देकर बाहर निकाल दिया। इसका एक वीडियो भी सामने आया है। इसमें साफ दिख रहा है कि सुरक्षाकर्मी स्टेडियम की भीड़ से गुजरते हुए झंडा लहराने वालों को धक्का देकर बाहर निकाल रहे हैं।घटना उस समय हुई जब दिलजीत परफॉर्म कर रहे थे और हजारों फैंस उनका उत्साह बढ़ा रहे थे। आयोजकों और लोकल पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया, जिससे शो बिना ज्यादा रुकावट के जारी रहा।इस घटना ने सोशल मीडिया पर खालिस्तानियों को लेकर बहस छेड़ दी है। फैंस दिलजीत के स्टैंड की तारीफ कर रहे हैं तो दूसरी तरफ प्रो-खालिस्तान एक्टिविस्ट्स इसे मुद्दा बना रहे हैं।
भीड़ में घुसे खालिस्तानियों को बाहर निकाली कनाडा पुलिस।
3 पॉइंट में जानिए शो के दौरान क्या हुआ…
शो में झंडे लेकर पहुंचे खालिस्तानी- रॉजर्स सेंटर में लगभग 50 हजार के करीब लोग शो देखने पहुंचे थे। इस दौरान कुछ खालिस्तानी झंडे लेकर घुस आए, लेकिन पुलिस ने उनको झंडे दिखाने से पहले ही धक्के देकर बाहर कर दिया। दिलजीत के टूर के दौरान ये तीसरी बड़ी घटना है।
दिलजीत का शो रोकने की कोशिश- खालिस्तानी हाथ में झंडे लेकर भीड़ के बीच पहुंच गए और नारे लगाने लगे। इससे पहले कि वो झंडे दिखाते और शो को रोक पाते, उनको पकड़ लिया। पहले पुलिस ने प्यार से बाहर चले जाने के लिए कहा लेकिन खालिस्तानी नहीं माने तो पुलिस ने जबरदस्ती उनको शो से बाहर कर दिया।
अफरातफरी का माहौल बना-दिलजीत ने शो नहीं रोका- जब खालिस्तानी झंडे लेकर पहुंचे तो दिलजीत दोसांझ मितरां ते फंक्शन ते गीत गा रहे थे। कुछ लोग काले कपड़ों में दिलजीत का विरोध करने पहुंचे तो पहले से तैनात पुलिस ने उनको रोकना चाहा लेकिन कुछ लोग भीड़ के अंदर चले गए। जिससे अफरतरफरी का माहौल बन गया लेकिन दिलजीत ने शो नहीं रोका और गाते रहे।
11 मई 2026 को दिलजीत ने थापी मारकर खालिस्थानियों को बाहर करने को कहा था।
दिलजीत कह चुके, हुड़दंगियों को बाहर निकालें इस घटना से पहले दिलजीत ने 11 मई 2026 को इंस्टाग्राम स्टोरीज पर खालिस्तानियों और उनके शो में हुड़दंग करने वालों को लेकर लिखा था कि बाहर प्रोटेस्ट करना किसी का भी अधिकार है, लेकिन अंदर आकर मेरे फैंस को हरास करना बर्दाश्त नहीं होगा।
अगर कोई बैनर या झंडा लेकर आता है तो वह सपोर्ट दिखाने के लिए हो सकता है, लेकिन अगर बाहर गाली-गलौज कर रहे हैं और अंदर भी वही ड्रामा करेंगे तो नहीं चलेगा। मैंने सिक्योरिटी को कहा है कि जो प्रोग्राम खराब करे, उसे उठाकर बाहर फेंक दो। मैं किसी झंडे या बैनर के खिलाफ नहीं हूं, फेक नैरेटिव न फैलाएं।
जानें कब-कब खालिस्थानी डाल चुके खलल
23 अप्रैल 2026, वैंकूवर: टूर की शुरुआत में ही प्रो-खालिस्तान समर्थकों ने झंडे लहराए और स्लोगन्स लगाए। सिख फॉर जस्टिस (SFJ) से जुड़े गुरपतवंत सिंह पन्नू ने जिम्मेदारी ली और आगे के शोज में भी विरोध की धमकी दी। घटना के बाद दिलजीत ने शो जारी रखा लेकिन सिक्योरिटी अलर्ट हो गई। दिलजीत ने हमेशा जोर दिया है कि वे 1984 जैसे मुद्दों पर पंजाब की आवाज को ग्लोबल प्लेटफॉर्म देते हैं, लेकिन अलगाववाद या हिंसा को सपोर्ट नहीं करते।
30 अप्रैल 2026, कैलगरी : यहां भी खालिस्तानियों ने झंडे दिखाए। इस दौरान दिलजीत परफॉर्मेंस के बीच रुके, भीड़ में झंडे देखे और माइक पर बोले – जितने झंडे दिखाने हैं, दिखा लो… लेकिन यहां ड्रामा नहीं चलेगा। उन्होंने आयोजकों को निर्देश दिया कि ऐसे लोगों को बाहर निकाल दें। उन्होंने जिमी फॉलन शो का जिक्र करते हुए कहा कि वे पंजाब को ग्लोबल स्टेज दे रहे हैं, न कि राजनीति कर रहे हैं। इस घटना के बाद SFJ ने US टूर को भी डिस्टरप्ट करने की चेतावनी दी।
कौन बनेगा करोड़पति शो में जाने से हुआ विरोध: दरअसल दिलजीत दोसांझ कौन बनेगा करोड़पति (KBC) में मेहमान बनकर गए थे। वहां उन्होंने शो के होस्ट और बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन के पैर छुए थे। प्रतिबंधित चरमपंथी संगठन सिख फॉर जस्टिस (SFJ) और कुछ अन्य कट्टरपंथी/खालिस्तानी गुटों ने इसका कड़ा विरोध किया। उनका आरोप था कि अमिताभ बच्चन का नाम 1984 के सिख दंगों से जोड़ा जाता रहा है, इसलिए दिलजीत द्वारा उनके पैर छूना सिखों का अपमान है। इसके बाद इन गुटों ने दिलजीत के शोज का विरोध करने और हंगामा करने की धमकी दी थी।
पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ ने कनाडा के शो में अपने दोस्त तजिंदर सिंह कोहली को लोगों के रू-ब-रू करवाया। दिलजीत ने कहा कि ये वो लड़ता है जिसने पंजाब में बाढ़ के दिनों में काम किया। ये 6 महीने तक अपने घर नहीं गया। मैंने इलेक्शन नहीं लड़ता है और न ही किसी से वोट लेने हैं।