Warning: opendir(/home/j50hdn97w0wq/public_html/wp-content/mu-plugins): Failed to open directory: Permission denied in /home/j50hdn97w0wq/public_html/wp-includes/load.php on line 981 जालंधर में कोठी से 14 साल का बच्चा गायब:रसूखदार मालिक को बचाने और पीड़ित विधवा मां को धमकाने का पुलिस पर लगा गंभीर आरोप - punjabnewslive
जालंधर , (PNL) : जालंधर से एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है, जहां टाडा फाटक के पास एक कोठी में काम करने वाला 14 वर्षीय नाबालिग बच्चा पिछले कई दिनों से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता है। बच्चे की मां कलावती और शिवसेना लायंस के नेशनल चेयरमैन सुनील कुमार बंटी ने थाना डिवीजन नंबर 3 के एसएचओ पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पुलिस रसूखदार कोठी मालिक के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय उल्टा पीड़ित परिवार को ही डरा-धमका रही है। न्याय की गुहार लेकर पीड़ित परिवार आज पुलिस कमिश्नर दफ्तर पहुंचा।
4 महीने से कोठी में काम कर रहा था बच्चा
पीड़ित मां कलावती, जो कि मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले की रहने वाली है। और यहां मेहनत-मजदूरी करके अपने चार बच्चों को पालती हैं, उन्होंन ने बताया कि उनका 14 साल का बेटा पिछले 4 महीनों से करुण जैन नामक व्यक्ति की कोठी में काम कर रहा था। इस दौरान परिवार की बच्चे से कोई मुलाकात नहीं होने दी गई।
कुछ दिन पहले अचानक कोठी मालिक का फोन आया कि बच्चा पिछले 5 दिनों से घर पर नहीं है और कहीं चला गया है। तब से लेकर आज तक लगभग 8 दिन बीत चुके हैं, लेकिन बच्चे का कोई सुराग नहीं मिला है।
सीसीटीवी वीडियो के आधार पर पल्ला झाड़ रही पुलिस
जब परेशान मां पुलिस थाने पहुंची, तो पुलिस ने कोठी के बाहर का एक सीसीटीवी (CCTV) वीडियो दिखाया, जिसमें बच्चा सही-सलामत घर से बाहर जाता हुआ दिखाई दे रहा है। पुलिस इसी वीडियो को आधार बनाकर कोठी मालिक को क्लीन चिट दे रही है।
पीड़ित के साथ कमिश्नर दफ्तर पहुंचे शिवसेना लायंस के नेता।
सुनील कुमार बंटी का कहना है कि जब 14 साल का बच्चा पिछले 4 महीनों से उसी घर में रह रहा था, तो उसकी पूरी जिम्मेदारी मालिक की बनती है। पुलिस इस बात की जांच क्यों नहीं कर रही कि बच्चे को अंदर टॉर्चर किया गया, डराया-धमकाया गया या मारपीट की गई, जिसके कारण वह अचानक भागने पर मजबूर हो गया?
एसएचओ पर मालिक को बचानेका आरोप
परिजनों का आरोप है कि थाना नंबर 3 के एसएचओ इस मामले में कोठी मालिक पर कार्रवाई करने से बच रहे हैं। एसएचओ इस मामले को साधारण किडनैपिंग का रूप देकर रसूखदार मालिक को बचाना चाहते हैं। SHO ने पीड़ित महिला को धमाकाया
हद तो तब हो गई जब एसएचओ ने पीड़ित विधवा महिला को ही धमकाना शुरू कर दिया। आरोप है कि एसएचओ ने महिला से कहा कि उसने नाबालिग बच्चे को काम पर क्यों रखा, इसलिए उल्टा उसी पर पर्चा (मामला) दर्ज कर दिया जाएगा। सुनील भट्टी ने सवाल उठाया कि क्यागरीब होने के कारण इस परिवार को न्याय नहीं मिलेगा?
इंसाफ न मिलने पर रोष प्रदर्शन की चेतावनी
कलावती और सामाजिक प्रतिनिधियों का कहना है कि उन्हें केस दर्ज कराने में कोई दिलचस्पी नहीं है, वे सिर्फ अपने बच्चे की सुरक्षित वापसी चाहते हैं। आज पुलिस कमिश्नर जालंधर को एक लिखित शिकायत सौंपकर निष्पक्ष जांच और बच्चे को जल्द से जल्द ढूंढने की मांग की गई है।