लुधियाना , (PNL) : अमेरिका के कैलिफोर्निया में पंजाबी मूल के पंजाबी डेविल्स गिरोह के सरगना जशनप्रीत सिंह (27) को अदालत ने 64 महीने यानी 5 साल 4 महीने की सजा दी है। जशनप्रीत सिंह से पिछले साल भारी मात्रा में हथियार बरामद हुए थे। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया था।जशनप्रीत सिंह ने पंजाबी डेविल्स के नाम से एक मोटरसाइकिल क्लब बनाया था। कैलिफोर्निया पुलिस के मुताबिक, जशनप्रीत सिंह का मोटरसाइकिल क्लब अवैध हथियारों की तस्करी में शामिल था। इस क्लब का संबंध हथियारों व नशा की तस्करी करने वाले इंटरनेशनल गिरोह हेल्स एंजेल्स के साथा था।जशनप्रीत पर अवैध हथियारों की सप्लाई करने के साथ-साथ चोरी छिपे भारत वापस भागने का भी आरोप है। कैलिफोर्निया पुलिस ने फेडरल कोर्ट में स्पष्ट किया कि जशनप्रीत सिंह मोटरसाइकिल क्लब की आड़ में आउटलॉ गिरोह चलाता है जो कि अवैध हथियारों की सप्लाई करता है।
जशनप्रीत सिंह (बाएं से दूसरा) को दोषी पाया गया है कि उसके इंटरनेशनल गिरोह हेल्स एंजेल्स के सदस्यों से संबंध हैं। – फाइल फोटो
कैलिफोर्निया पुलिस की जांच में ये बातें सामने आईं…
हथियारों की सप्लाई के लिए बनाया क्लब: कैलिफोर्निया की जांच एजेंसियों के मुताबिक, जशनप्रीत सिंह ने पंजाबी डेविल्स मोटरसाइकिल क्लब हथियारों की सप्लाई के लिए बनाया। वह अपने ग्रुप के जरिए हथियारों को एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाता था और सके बाद अवैध तरीके से उनकी तस्करी करता था। पकड़े जाने के बाद जांच में खुलासा हुआ कि पंजाबी डेविल्स मोटरसाइकिल क्लब नहीं, बल्कि आउटलॉ गिरोह है।
हेल्स एंजेल्स गिरोह से खरीदता था हथियार: जशनप्रीत ने अवैध हथियारों की तस्करी शुरू की। वह हेल्स एंजेल्स नाम के इंटरनेशनल गिरोह से हथियार खरीदने लगा था। उसमें वह मशीन गन से लेकर कई अन्य तरह के हथियार खरीद रहा था। जांच एजेंसियों ने जब इस मामले की गहराई से जांच की तो पता चला कि वह हेल्स एंजेल्स गिरोह से ऑर्डर पर अवैध हथियार मंगवाता था।
कई युवाओं को किया गिरोह में शामिल: जांच एजेंसियों के मुताबिक, जशनप्रीत सिंह ने पंजाबी डेविल्स के नाम से मोटरसाइकिल क्लब बनाया। कैलिफोर्निया में काफी संख्या में पंजाबी हैं। पंजाबी युवाओं को अट्रेक्ट करने के लिए ही उसके पंजाब डेविल्स क्लब बनाया। उसके क्लब में ज्यादातर पंजाबी युवा शामिल थे।
पुलिस ने स्टिंग कर पकड़े हथियार: कैलिफोर्निया पुलिस को पता चला कि जशनप्रीत अवैध हथियारों की सप्लाई करता है तो उसे रंगे हाथ पकड़ने के लिए पुलिस ने एक स्टिंग प्लान किया। पुलिस का एक अधिकारी 6 जून 2025 को जशनप्रीत सिंह के पास ग्राहक बनकर गया। जशनप्रीत से पुलिस अधिकारी ने हथियार मांगे तो उसने कहा मिल जाएंगे। पुलिस अधिकारी ने उससे एक शॉर्ट बैरल राइफल और 3 आधुनिक असॉल्ट हथियार और 3 मशीन गन कन्वर्जन डिवाइस मांगी। वह पुलिस अधिकारी को अपने घर ले गया और पुलिस ने उसके घर से हथियारों का जखीरा बरामद किया।
पुलिस ने मौके से ये सामान बरामद किया था। – फाइल फोटो
घातक विस्फोटकों की बरामदगी: जशनप्रीत के घर से अफसरों को न केवल बंदूकें मिलीं, बल्कि युद्ध में इस्तेमाल होने वाले विस्फोटक भी मिले। जशनप्रीत सिंह के पास एक पाइनएप्पल-स्टाइल हैंड ग्रेनेड और एक सैन्य श्रेणी की इलेक्ट्रॉनिक क्लेमोर माइन बरामद हुई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, सैन जोआक्विन काउंटी शेरिफ विभाग के बम निरोधक दस्तेको बुलाया गया, जिन्होंने सुरक्षा कारणों से इन विस्फोटकों को मौके पर ही नष्ट कर दिया।
भारत भागने की फिराक में था: 6 जून 2025 को हथियार पकड़े जाने के बाद उसे अदालत ने 21 जुलाई 2025 को कोर्ट में पेश होने कहा, लेकिन वह अदालत में पेश नहीं हुआ। वब गायब हो गया। जिसके बाद उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी हुआ। 23 जुलाई को FBI को अमेरिकी सीमा सुरक्षा बल से खुफिया जानकारी मिली कि जशनप्रीत सिंह ने भारत का टिकट बुक कराया है और वह 26 जुलाई को सैन फ्रांसिस्को अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से देश छोड़ने की फिराक में है। हालांकि, इससे पहले कि वह विमान में सवार हो पाता, अधिकारियों ने उसे हवाई अड्डे पर ही दबोच लिया।
11 मई को दोषी करार व सजा: फेडरल कोर्ट ने केस की सुनवाई के बाद जशनप्रीत सिंह को दोषी करार दिया और फिर उसे 64 महीने की सजा सुनाई। इसके अलावा उस पर आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया।
जशनप्रीत सिंह ने पंजाब डेविल्स नाम का मोटरसाइकिल क्लब बनाया था।
ऑपरेशन टेक बैक अमेरिका के तहत कार्रवाई
यह मामला अमेरिका के ऑपरेशन टेक बैक अमेरिका का एक हिस्सा था। यह न्याय विभाग का एक बड़ा अभियान है जिसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय अपराध सिंडिकेट, ड्रग कार्टेल और अवैध हथियारों की तस्करी को जड़ से खत्म किया जा रहा है। इस जांच में एफबीआई, एटीएफ, डीईए और होमलैंड सिक्योरिटी जैसी कई बड़ी एजेंसियों ने मिलकर काम किया।
पंजाबी डेविल्स और हेल्स एंजेल्स का कनेक्शन
जांच में खुलासा हुआ कि जशनप्रीत ने पंजाबी डेविल्स नाम से एक आउटलॉ मोटरसाइकिल गिरोह बनाया था, जिसका मुख्यालय स्टॉकटन, कैलिफोर्निया में था। यह गिरोह दुनिया के सबसे खतरनाक आपराधिक गिरोहों में शुमार हेल्स एंजेल्स के लिए एक सहयोगी यूनिट के रूप में काम कर रहा था। यह गिरोह स्थानीय स्तर पर हथियारों और अन्य अवैध गतिविधियों को अंजाम देता था।