पंजाब में धान की सरकारी खरीद शुरू:1,887 मंडियां तैयार; खन्ना पहुंचा परमल धान का ढेर; सलाणा के किसान की फसल बिकी
Punjab News Live -PNL
October 1, 2026
ताजा खबर, पंजाब, लुधियाना
लुधियाना , (PNL) : पंजाब में आज से धान की सरकारी खरीद शुरू हो गई है। राज्य सरकार ने किसानों का एक-एक दाना खरीदने का दावा किया है। इसके लिए प्रदेशभर में 1,887 मंडियां तय की गई हैं। केंद्र ने 42,786 करोड़ रुपए की कैश क्रेडिट लिमिट (CCL) भी जारी की है।एशिया की सबसे बड़ी अनाज मंडियों में शुमार खन्ना की दाना मंडी में खरीद की शुरुआत गांव सलाणा के किसान गुरप्रीत सिंह की धान की ढेरी की बोली लगाकर की गई। इस मौके पर आढ़ती एसोसिएशन खन्ना के प्रधान हरबंस सिंह रोशा समेत आढ़ती, किसान और खरीद एजेंसियों से जुड़े लोग मौजूद रहे।
किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं आने दी जाएगी आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान हरबंस सिंह रोशा ने कहा कि मंडी में किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं आने दी जाएगी। एक-एक दाना खरीदा जाएगा। उन्होंने बताया कि पहले दिन करीब 10 हजार क्विंटल धान की खरीद होने की संभावना है। मंडी में धान की आवक बढ़ रही है। खरीद प्रक्रिया शुरू होने के बाद किसानों को फसल बेचने में सुविधा मिलेगी।
कल कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सौंध खन्ना मंडी का दौरा करेंगे हरबंस सिंह रोशा ने बताया कि 2 अक्टूबर को कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंध खन्ना मंडी का दौरा करेंगे। इस दौरान वह आढ़तियों, किसानों और शेलर मालिकों से मुलाकात कर धान खरीद के प्रबंधों का जायजा लेंगे। मंत्री किसानों की ढेरियों पर जाकर उनसे सीधे बातचीत भी करेंगे और खरीद प्रक्रिया से जुड़ी समस्याओं के बारे में जानकारी लेंगे। वहीं, खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री लाल चंद कटारूचक के भी खन्ना मंडी का दौरा करने की संभावना जताई जा रही है।
मंडी में प्रबंध मुकम्मल, फसल की बोली भी तुरंत लगी दूसरी ओर, अपनी फसल लेकर मंडी पहुंचे गांव सलाणा के किसान गुरप्रीत सिंह ने कहा कि मंडी में प्रबंध मुकम्मल हैं और उनकी फसल की बोली भी तुरंत लगा दी गई। उन्होंने कहा कि फसल की बोली समय पर लगने से वह काफी खुश हैं। धान की सरकारी खरीद शुरू होने के साथ ही खन्ना मंडी में खरीद प्रक्रिया ने रफ्तार पकड़ ली है।
धान सुखाने के लिए मंडी में करना पड़ता है इंतजार किसानों के मुताबिक नमी अधिक होने पर फसल की खरीद में देरी होती है। उन्हें धान सुखाने के लिए मंडी में इंतजार करना पड़ता है। किसानों को उम्मीद है कि सरकारी खरीद शुरू होने के साथ ही खरीद प्रक्रिया में तेजी आएगी। उन्हें अपनी फसल बेचने के लिए ज्यादा समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
खन्ना में बने हैं छह खरीद केंद्र मार्केट कमेटी सचिव कमलदीप सिंह मान ने बताया कि खन्ना मंडी एशिया की सबसे बड़ी अनाज मंडी है। यहां पंजाब के अलग-अलग जिलों से किसान और प्राइवेट खरीददार आते हैं। मंडीकरण बोर्ड ने खन्ना, रहौण, इसडू, दहेड़ू, रौनी और रायपुर मंडी में खरीद की व्यवस्था की है।
किसानों के लिए प्रबंध मुकम्मल हैं पिछले साल खन्ना मंडियों में करीब 15 लाख 80 हजार क्विंटल खरीद हुई थी। इस बार 18 से 19 लाख क्विंटल फसल आने का अनुमान है, क्योंकि झाड़ ज्यादा निकल रहा है। किसानों के लिए प्रबंध मुकम्मल हैं।